- संवाददाता- वीरेंद्र कुमार
Nalanda: नालंदा में जलजमाव से 3000 एकड़ में फसल बर्बाद हो गया है. किसानों ने मुआवजे की मांग की है. नालंदा जिले के अस्थावां प्रखंड अंतर्गत ओन्दा पंचायत में भारी बारिश के बाद जलनिकासी की व्यवस्था ठप पड़ गई है, जिससे ओन्दा, सदरपुर, नेरूत, अंदी, उतरथू समेत कई गांवों के खेत तालाब में तब्दील हो गए हैं.
करीब 3000 एकड़ में लगी धान और अन्य फसलें जलमग्न होकर बर्बाद हो गई हैं. स्थिति का जायजा लेने जदयू किसान प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष त्रिनयन कुमार पहुंचे. उन्होंने बताया कि सदरपुर में ऊंचाई पर बने चिल्का के कारण पानी का बहाव रुक गया है. जलनिकासी के लिए 5 से 6 फीट खुदाई जरूरी है.
उन्होंने सरकार से तत्काल सर्वे कराकर किसानों को मुआवजा देने और समस्या का स्थायी समाधान निकालने की मांग की. किसानों ने भी प्रशासन से राहत और उचित क्षतिपूर्ति की मांग की है. जदयू किसान प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष त्रिनयन कुमार ने कहा कि बरसात का पानी जमन से 3000 एकड़ में किसानों का फसल बर्बाद हुआ है.
उन्होंने कहा कि यहां के लोग जल संसाधन मंत्री के पास भी गए, इस संबंध में पत्र दिया. किसान प्रकोष्ठ के अध्यक्ष भी पत्र दिए हैं. यहां के लोग डीएम साहब को भी अवगत कराए हैं. मैंने स्थिति का जायजा लिया है. किसानों की जो समस्या है उसका जल्द से जल्द निराकरण हो, इसके लिए आज से ही लग गए हैं. मंत्रियों से मिलकर रास्ता निकालकर निराकरण किया जाएगा.
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