- रिपोर्ट- पांडव कुमार यादव
Madhubani: 48वीं वाहिनी, सशस्त्र सीमा बल, जयनगर एवं इसकी भारत-नेपाल सीमा पर स्थित समस्त सीमा चौकियों (BOPs) पर 11वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर योग कार्यक्रमों का सफल आयोजन किया गया. इन कार्यक्रमों में एसएसबी के जवानों के साथ-साथ स्थानीय नागरिकों एवं संदीक्षा परिवार की सदस्यों ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया, जिससे कार्यक्रम का उत्साह और भी दोगुना हो गया.
योग से तन मन शुद्ध करने का संदेश
वाहिनी मुख्यालय जयनगर में आयोजित मुख्य योग सत्र में हरेंद्र सिंह, कमांडिंग अधिकारी, हरि नारायण जाट, उप-कमांडेंट, वाहिनी के अधिकारीगण, कार्मिक एवं उनके परिजन उपस्थित रहे. सभी ने सामूहिक रूप से प्रातःकालीन योगाभ्यास में भाग लेकर तन-मन को शुद्ध करने का संदेश दिया.

स्वास्थ्य के लिए करते रहेंगे जागरूक
इस अवसर पर कमांडिंग अधिकारी हरेंद्र सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य देन है, जो न केवल शरीर को स्वस्थ बनाता है, बल्कि मानसिक शांति एवं आत्मिक संतुलन भी प्रदान करता है। प्रत्येक सैनिक के लिए योग, अनुशासन और दक्षता बनाए रखने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। हमें योग को अपने दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाना चाहिए. 48वीं वाहिनी एसएसबी, जयनगर निरंतर ऐसे कार्यक्रमों के माध्यम से जवानों और स्थानीय नागरिकों को स्वास्थ्य और समरसता के प्रति जागरूक करती रहेगी.

पटना में मुख्य कार्यक्रम
बता दें कि पाटलिपुत्र स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में 11वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया. राज्य सरकार के स्वास्थ्य विभाग की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में प्रदेश के दोनों मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, विजय सिन्हा, स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे, पथ निर्माण मंत्री नितिन नवीन, मंत्री विजय चौधरी, सांसद रवि शंकर प्रसाद समेत कई लोग शामिल हुए. यहां पर 500 से अधिक लोगों ने योगाभ्यास किया.
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