- संवाददाता- विकास कुमार
Saharsa: शनिवार को ईस्ट एन वेस्ट जनसंचार महाविद्यालय एवं रेडियो के संयुक्त तत्वावधान में राष्ट्रीय हिंदी दिवस के पूर्व संध्या पर डिजिटल युग में हिंदी अखबार की प्रासंगिकता विषय पर एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया गया है. कोशी क्षेत्र के विधान पार्षद डॉ अजय कुमार सिंह ने सेमिनार का उद्घाटन किया.
इस मौके पर जन संचार महाविद्यालय के प्राचार्य विष्णु स्वरूप पुष्पगुच्छ व पट्टा से सम्मानित अतिथि का जहां स्वागत व सम्मान किया वहीं ईस्ट एन वेस्ट टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज के प्राध्यापक पंडित मोहन ठाकुर ने स्वागत गीत से उनका अभिवादन किया. सेमिनार को संबोधित करते हुए विधान पार्षद ने अपने संबोधन में कहा कि हिंदी दिवस के पूर्व संध्या पर आयोजित इस तरह के विषय का चयन एक सकारात्मक पहल कही जा सकती है. उन्होंने कहा की आज देश संक्रमण काल की दौर से गुजर रहा है इस तरह अखबारों की साख को बचाए रखना भी आवश्यक है.
सेमिनार को संबोधित करते हुए जनसंचार महाविद्यालय के प्राचार्य विष्णु स्वरूप ने कहा कि बदलते वैश्विक परिदृश्य में डिजिटल मीडिया की दमदार उपस्थिति के बावजूद भी हिंदी अखबार महत्वपूर्ण बने हुए है. उन्होंने कहा कि युगों से चली आ रही पत्रकारिता का सशक्त माध्यम अखबार और पत्रिका ही है. बेशक छपता कम है परंतु डिजिटल प्लेटफार्म पर इसकी ही उपस्थिती ज्यादा है.
इस सेमिनार को ईस्ट एन वेस्ट के प्रभारी प्राचार्य सह नोडल अंशु कुमार गुप्ता, जनसंचार महाविद्यालय के प्राध्यापक आशीष भारद्वाज, रेडियो ईस्ट एन वेस्ट के क्रिएटिव हेड किशलय कृष्ण, डॉ. प्रियंका पांडेय, डॉ. संजय वशिष्ठ ने संबोधित करते हुए विषय की महत्ता और उसकी प्रासंगिकता पर चर्चा किया.
ईस्ट एन वेस्ट फाउंडेशन के जनसंपर्क पदाधिकारी अभय मनोज के संचालन में आयोजित इस सेमिनार में ईस्ट एन वेस्ट टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज, ईस्ट एन वेस्ट जनसंचार महाविद्यालय, व ईस्ट एन वेस्ट डिग्री कॉलेज के छात्र/छात्राओं ने भी आयोजित विषय पर विस्तार पूर्वक अपने विचारों को प्रस्तुत करते हुए हिंदी अखबार की प्रासंगिकता और उसके भविष्य पर प्रकाश डाला. जिसमें प्रथम स्थान पर जनसंचार महाविद्यालय की छात्रा रजनी खान, द्वितीय स्थान पर बीएड प्रथम वर्ष की छात्राध्यापिका नगमा नर्सिंग एवं तृतीय स्थान पर बीएड प्रथम वर्ष की ही छात्राध्यापिका वैष्णवी कुमारी ने सफलता अर्जित की.
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