मधुबनी पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार के निर्देश पर चलाए जा रहे अवैध हथियार तस्करी विरोधी अभियान के तहत साहरघाट थाना पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने डकैती की साजिश रच रहे एक गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए चार अपराधियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार अभियुक्तों में लोरिका बेनीपट्टी निवासी अभिषेक कुमार मंडल, सिमरी कल्याणपुर दरभंगा निवासी मोनू कुमार, धनौर मुजफ्फरपुर निवासी प्रियांशु कुमार उर्फ सुमित तथा साहरघाट निवासी रमेश कुमार पासवान शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से दो देशी पिस्टल, एक देशी कट्टा, बीस हजार रुपये नकद, एक मोटरसाइकिल और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
एसपी योगेंद्र कुमार ने प्रेसवार्ता के दौरान बताया अभिषेक कुमार का आपराधिक इतिहास रहा है। उसके विरुद्ध साहरघाट थाना कांड संख्या 120/23, दिनांक 12.09.2023, धारा-392 भादवि का मामला दर्ज है। वहीं मोनू कुमार पर बहेरी दरभंगा थाना कांड संख्या 137/26, दिनांक 06.03.2026, धारा-126(2)/110/115(2)/118(1)/74/303(2)/3(5) बीएनएस के तहत मामला दर्ज है।
घटनाक्रम 16 मई की रात करीब 9:30 बजे का है। साहरघाट थाना पुलिस को सूचना मिली कि बिशनपुर मुख्य सड़क पर ग्रामीणों ने तीन संदिग्धों को पकड़ रखा है। मौके पर पहुंची पुलिस ने अभिषेक, मोनू और प्रियांशु को हिरासत में लिया। पूछताछ में मोनू ने खुलासा किया कि वह अभिषेक के माध्यम से रमेश कुमार पासवान से हथियार खरीदने आया था। उसने रमेश को दो पिस्टल के एवज में बीस हजार रुपये दिए थे और पैंतीस हजार बाद में देने की बात हुई थी। इसके बाद चारों ने मिलकर रात में एक घर में डकैती की योजना बनाई। भूतनाथ मंदिर के पास बगीचे में पार्टी के दौरान पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद हो गया और रमेश बैग सहित दोनों पिस्टल लेकर फरार हो गया। पीछा करने पर ग्रामीणों ने तीनों को पकड़कर पुलिस को सौंप दिया।
तीनों की निशानदेही पर पुलिस ने रमेश के घर छापेमारी की, लेकिन वह नहीं मिला। अगले दिन 17 मई को दोपहर करीब 12 बजे सूचना मिली कि रमेश अवारी स्थित भूतनाथ मंदिर के पास गाछी में छिपा है। पुलिस ने तत्काल घेराबंदी कर रमेश को बैग समेत दबोच लिया। विधिवत तलाशी में उसके बैग से दो देशी पिस्टल, एक देशी कट्टा और बीस हजार रुपये नकद बरामद हुए। पूछताछ में रमेश ने कबूल किया कि वह हथियारों की खरीद-बिक्री करता है और उसने मोनू को बीस हजार में दो पिस्टल बेचे थे। उसने यह भी बताया कि डकैती की योजना में गिरफ्तार चारों के अलावा चार अन्य लोग भी शामिल थे। पैसे के विवाद के बाद वह हथियार लेकर अपने साथियों संग भाग गया था।
एसपी ने बताया कि गिरोह के अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी और हथियार तस्करी के पूरे नेटवर्क का पता लगाने के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। सभी गिरफ्तार अभियुक्तों के विरुद्ध साहरघाट थाना में सुसंगत धाराओं में कांड दर्ज कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा रहा है। एसपी ने कहा है कि जिले में अपराध नियंत्रण के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे।






